Monday, June 29, 2015

सुप्रीमकोर्ट ने याद दिलाया तो दिया नोटिस! building sc


10-15 साल से तमाशा ही देख रहे थे अधिकारी
- 2000 से पहले बनी 170 इमारतों में दर्जनभर से ज्यादा ऐसी ही इमारतें जिन्हें पहला और आखिरी नोटिस ही 2011 में मिला
इंदौर. दबंग रिपोर्टर ।
कमल कुमार रहेजा ने 193 मोहनपुरा स्थित अपने प्लॉट के लिए 5 जून 1999 को तीन मंजिला आवासीय इमारत की मंजूरी (611) ली थी। 98.71 वर्गमीटर के प्लॉट पर 198.42 वर्गमीटर के बिल्टअप एरिए के साथ बिल्डिंग बनी भी। बिल्डिंग बनने के बाद उसका आवासीय-व्यावसायिक उपयोग शुरू हो गया। स्वीकृत नक्शे के विपरीत बनी इमारत नगर निगम के अधिकारियों की मिलीभगत से 12 साल से शिकायतकर्ताओं के साथ कानून-कायदों को यूं ही मुंह चिढ़ा रही है। बिल्डिंग को पहला और आखिरी नोटिस 23 दिसंबर 2011 को दिया वह भी नवंबर 2011 में सुप्रीमकोर्ट द्वारा याद दिलाए जाने के बाद।
जिन 170 इमारतों के खिलाफ सुप्रीमकोर्ट में मामला विचाराधीन है उनमें ऐसी एक-दो नहीं बल्कि दर्जनों इमारते हैं जिनकी वैधानिकता को नगर निगम ने कभी चुनौती नहीं दी। चुनौती दी लेकिन एक-डेढ़ दशक के बाद वह भी तब  जब सुप्रीमकोर्ट ने अधिकारियों को आड़े हाथों लिया। यानी सुप्रीमकोर्ट जैसी न्यायिक संस्था नहीं होती तो कानून-कायदों को खुंटी दिखाकर खड़ी की गई इन बिल्डिंगों में अधिकारियों का अहम योगदान कभी उजागर नहीं होता। अन्यथा क्या कारण है कि तमाम मैदानी सहुलियतों के बावजूद नगर निगम ने 10-15 साल से खड़ी अवैध इमारतों को अधिकारियों ने नोटिस तक नहीं थमाए।
क्या नहीं दिखी बिल्डिंगें....
नगर निगम के पास वार्ड से लेकर मुख्यालय स्तर तक अधिकारियों को अधिकार बंटे हैं उन्हें देखते हुए कोई यह कहे कि 12-15 साल तक अधिकारियों को अवैध निर्माण नहीं दिखा, यह बात हजम नहीं होती। वह भी उस स्थिति में जब अधिकारियों की मंजूरी के बगैर कोई अपने वैध मकान में खिड़की तक नहीं लगा सकता।
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बिल्डिंग बनी पहला/आखिरी नोटिस
कमलकुमार रहेजा, मोहनपुरा 1999 दिसंबर 2011
भालचंद्र कानूनगो, आरएनटी 2003 नवंबर 2011
विजयबहादुर सिंह, उषागंज 1996 नवंबर 2011
किरणबाई छापरिया, नंदलालपुरा १९९८ दिसंबर 2011
अली हुसैन, खातीवाला टैंक १९९६ दिसंबर 2011
जयमाला जैन, सीतलामाता बाजार १९९७ नवंबर 2011
ओमप्रकाश दवे, मिश्रनगर १९८८ दिसंबर 2011
अनिल जोशी, मिश्रनगर १९९९ दिसंबर 2011
सूर्यशक्ति संस्था १९९८ दिसंबर 2011
एसपी मश्रा, चंद्रलोक कॉलोनी १९९९ दिसंबर 2011
कनकमल धाकड़, गोयलनगर १९९८ दिसंबर 2011

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