लाटरी सिस्टम प्रक्रिया अपनाइ गई
-1139 शेयर धारकों को होना था आवंटन
-7 डायरेक्टरों ने अपना हित त्यागा
-साधारण सभा में शेयर धारकों से सहमती प्राप्त की
-46.20 एकड़ भूमि में 6.75 एकड़ ग्रीन बेल्ट छोडा
-15 मुकदमें और 23 साल लड़ी जमीन की जंग
इंदौर। देवी अहिल्या न्यू क्लाथ कंपनी लि. में शेयर धारकों (सदस्यों) को प्लाट्स के आवंटन की प्रक्रिया रविवार 28 जुलाई को प्रारंभ हो गई। कुल 1132 सदस्यों को प्लाट का आवंटन होना है। लगभग 23 वर्ष पुर्व न्यू क्लाथ मार्केट की स्थापना की योजना बनाइ गई थी, जो अब आकार लेने जा रही है।
वर्ष 1990-91 मेें शहर के 85 वर्ष पुराने थोक कपड़ा बाजार एमटीएच क्लाथ मार्केट में व्यापारियों को अपना कारोबार बढ़ाने और नए उभरते बाजारों से प्रतिस्पध्र्दा में टिके रहने के लिए एक नए थोक कपडा बाजार की आवश्यकता महसूस की जाने लगी और इसे ध्यान में रखते हुए एक कंपनी का गठन देवी अहिल्या न्यू क्लाथ मार्केट कंपनी लिमिटेड के नाम से किया गया था। कंपनी के शेयर सदस्यों को बांटे गए । कुल 1139 सदस्यों ने शेयर के माध्यम से कंपनी में अंशधारिता प्राप्त की। शासन ने भूमि आवंटन में जो समिति बनाई, उसने चार बार विभिन्न स्थानों पर आवंटन निरस्त किया। इसी बीच न्यायालय में कंपनी पर 15 मामले दर्ज करो गए, जिनका निकाल होते-होते 23 वर्ष निकल गए। सभी का फैसला न्यू क्लाथ मार्केट कंपनी के पक्ष में हुवा। एक लंबित प्रकरण का निराकरण तो बीते जून माह में ही हुवा और तब जाकर न्यू क्लाथ मार्केट के सदस्यों को प्लाट के आवंटन की प्रक्रिया प्रारंभ हो सकी।
डायरेक्टर को प्लाट का आवंटन नही
न्यू क्लाथ मार्केट की स्थापना में भी विवाद की स्थिती निर्मित करने में कुछ सदस्यों ने अहम भूमिका निभाई और कंपनी बोर्ड के सदस्यों पर आर्थिक अपराध के तहत भी मामला दर्ज कराया, पर सभी मामलों को निराकरण करते हुए सभी 7 बोर्ड मेम्बर्स ने प्लाट्स नही लेने का लिखित में आश्वासन दिया और तब जाकर सदस्यों को प्लाट आवंटन की प्रक्रिया आगे बढ़ाने का काम प्रारंभ हो सका।
साधारण सभा की अनुमती प्राप्त की-
रविवार सुबह से ही न्यू क्लाथ मार्केट के सदस्य बड़ा गणपति चौराह स्थित क्लाथ मार्केट कन्या स्कूल के हाल में एकत्र होना प्रारंभ हो गए थे। 11 बजे साधारण सभा में प्लाट आवंटन प्रक्रिया की जानकारी सदस्यों को दी गई। इसके पश्चात प्लाट आवंटन की चिठ्टी सदस्यों को देना प्रारंभ किया गया।
46.20 एकड़ में से छोडा ग्रीन बेल्ट-
न्यू क्लाथ मार्केट के लिए राज्य शासन से अनुमोदित भूमि केशर बाग रोड़ पर तेजपुर गड़बड़ी मंडी के समीप स्थित 46.20 एकड़ खरीदी गई जिसमें नियमानुसार 6.75 एकड़ भूमि ग्रीन बेल्ट के लिए छोड़ी गई है। इससे सदस्यों को प्लाट के आवंटन की प्रक्रिया में कुछ फेरबदल करना पड़ा। साधारण सभा में इसके लिए सदस्यों की अनुमती प्राप्त की गई। सभी सदस्यों को 675 स्क्वेयर फीट के प्लाट का आवंटन होना है। इसके लिए कुल भूमि को सभी सदस्यों में बराबर-बराबर बांट दिया गया। अब जिन सदस्यों को बडे प्लाट चाहिये वो अपने स्तर पर इसके लिए प्रयास कर सकता है। 4500 रुपए स्क्वेयर फीट के हिसाब से 675 स्क्वे.फीट का पैसा जमा कराना होगा, जिन प्लाट को सदस्य दूसरे सदस्य से एडजेस्टमेंट करेगें, उसके लिए 4000 रुपए स्क्वेयर फीट के हिसाब से अतिरिक्त भूमि का पैसा लिया जाएगा। अलाटमेंट के तीन माह में प्लाट की रजिस्ट्री करना अनिवार्य है।
वर्जन....
22 वर्ष पुराना न्यू क्लाथ मार्केट के विकास का मार्ग प्रशस्त हो गया है। शासन ने ग्रीन बेल्ट की जमीन को लेकर धारा 23(क) के नोटिका का कहा था, जो हमने जारी कर दिया है। हम आगे राज्य शासन से सकारात्मक सहयोग की उम्मीद करते हैं।
हंसराज जैन, प्रबंध निदेशक, देवी अहिल्या न्यू क्लाथ मार्केट कंपनी लि.
हमारे पुर्वजों ने न्यू क्लाथ मार्केट की स्थापना को जो सपना देखा था वो अब सच होने जा रहा है, जल्द ही आगे की सभी कार्रवाही योजना के अनुसार की जाएगी और शहर के कपडा व्यापार को विस्तार मिलेगा।
सौरभ पाटौदी, निदेशक,देवी अहिल्या न्यू क्लाथ मार्केट कंपनी लि.
-1139 शेयर धारकों को होना था आवंटन
-7 डायरेक्टरों ने अपना हित त्यागा
-साधारण सभा में शेयर धारकों से सहमती प्राप्त की
-46.20 एकड़ भूमि में 6.75 एकड़ ग्रीन बेल्ट छोडा
-15 मुकदमें और 23 साल लड़ी जमीन की जंग
इंदौर। देवी अहिल्या न्यू क्लाथ कंपनी लि. में शेयर धारकों (सदस्यों) को प्लाट्स के आवंटन की प्रक्रिया रविवार 28 जुलाई को प्रारंभ हो गई। कुल 1132 सदस्यों को प्लाट का आवंटन होना है। लगभग 23 वर्ष पुर्व न्यू क्लाथ मार्केट की स्थापना की योजना बनाइ गई थी, जो अब आकार लेने जा रही है।
वर्ष 1990-91 मेें शहर के 85 वर्ष पुराने थोक कपड़ा बाजार एमटीएच क्लाथ मार्केट में व्यापारियों को अपना कारोबार बढ़ाने और नए उभरते बाजारों से प्रतिस्पध्र्दा में टिके रहने के लिए एक नए थोक कपडा बाजार की आवश्यकता महसूस की जाने लगी और इसे ध्यान में रखते हुए एक कंपनी का गठन देवी अहिल्या न्यू क्लाथ मार्केट कंपनी लिमिटेड के नाम से किया गया था। कंपनी के शेयर सदस्यों को बांटे गए । कुल 1139 सदस्यों ने शेयर के माध्यम से कंपनी में अंशधारिता प्राप्त की। शासन ने भूमि आवंटन में जो समिति बनाई, उसने चार बार विभिन्न स्थानों पर आवंटन निरस्त किया। इसी बीच न्यायालय में कंपनी पर 15 मामले दर्ज करो गए, जिनका निकाल होते-होते 23 वर्ष निकल गए। सभी का फैसला न्यू क्लाथ मार्केट कंपनी के पक्ष में हुवा। एक लंबित प्रकरण का निराकरण तो बीते जून माह में ही हुवा और तब जाकर न्यू क्लाथ मार्केट के सदस्यों को प्लाट के आवंटन की प्रक्रिया प्रारंभ हो सकी।
डायरेक्टर को प्लाट का आवंटन नही
न्यू क्लाथ मार्केट की स्थापना में भी विवाद की स्थिती निर्मित करने में कुछ सदस्यों ने अहम भूमिका निभाई और कंपनी बोर्ड के सदस्यों पर आर्थिक अपराध के तहत भी मामला दर्ज कराया, पर सभी मामलों को निराकरण करते हुए सभी 7 बोर्ड मेम्बर्स ने प्लाट्स नही लेने का लिखित में आश्वासन दिया और तब जाकर सदस्यों को प्लाट आवंटन की प्रक्रिया आगे बढ़ाने का काम प्रारंभ हो सका।
साधारण सभा की अनुमती प्राप्त की-
रविवार सुबह से ही न्यू क्लाथ मार्केट के सदस्य बड़ा गणपति चौराह स्थित क्लाथ मार्केट कन्या स्कूल के हाल में एकत्र होना प्रारंभ हो गए थे। 11 बजे साधारण सभा में प्लाट आवंटन प्रक्रिया की जानकारी सदस्यों को दी गई। इसके पश्चात प्लाट आवंटन की चिठ्टी सदस्यों को देना प्रारंभ किया गया।
46.20 एकड़ में से छोडा ग्रीन बेल्ट-
न्यू क्लाथ मार्केट के लिए राज्य शासन से अनुमोदित भूमि केशर बाग रोड़ पर तेजपुर गड़बड़ी मंडी के समीप स्थित 46.20 एकड़ खरीदी गई जिसमें नियमानुसार 6.75 एकड़ भूमि ग्रीन बेल्ट के लिए छोड़ी गई है। इससे सदस्यों को प्लाट के आवंटन की प्रक्रिया में कुछ फेरबदल करना पड़ा। साधारण सभा में इसके लिए सदस्यों की अनुमती प्राप्त की गई। सभी सदस्यों को 675 स्क्वेयर फीट के प्लाट का आवंटन होना है। इसके लिए कुल भूमि को सभी सदस्यों में बराबर-बराबर बांट दिया गया। अब जिन सदस्यों को बडे प्लाट चाहिये वो अपने स्तर पर इसके लिए प्रयास कर सकता है। 4500 रुपए स्क्वेयर फीट के हिसाब से 675 स्क्वे.फीट का पैसा जमा कराना होगा, जिन प्लाट को सदस्य दूसरे सदस्य से एडजेस्टमेंट करेगें, उसके लिए 4000 रुपए स्क्वेयर फीट के हिसाब से अतिरिक्त भूमि का पैसा लिया जाएगा। अलाटमेंट के तीन माह में प्लाट की रजिस्ट्री करना अनिवार्य है।
वर्जन....
22 वर्ष पुराना न्यू क्लाथ मार्केट के विकास का मार्ग प्रशस्त हो गया है। शासन ने ग्रीन बेल्ट की जमीन को लेकर धारा 23(क) के नोटिका का कहा था, जो हमने जारी कर दिया है। हम आगे राज्य शासन से सकारात्मक सहयोग की उम्मीद करते हैं।
हंसराज जैन, प्रबंध निदेशक, देवी अहिल्या न्यू क्लाथ मार्केट कंपनी लि.
हमारे पुर्वजों ने न्यू क्लाथ मार्केट की स्थापना को जो सपना देखा था वो अब सच होने जा रहा है, जल्द ही आगे की सभी कार्रवाही योजना के अनुसार की जाएगी और शहर के कपडा व्यापार को विस्तार मिलेगा।
सौरभ पाटौदी, निदेशक,देवी अहिल्या न्यू क्लाथ मार्केट कंपनी लि.
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